नल जल योजना ढकोसला, ठेकेदार कर रहे हैं वारे न्यारे

मुरैना : सरकार नल जल योजना को लेकर खूब प्रचार-प्रसार कर रही है और इसके क्रियान्वयन को लेकर अपनी पीठ भी खुद ही थपथपा रही है , जबकि हकीकत कुछ और ही है । ग्रामीण इलाकों में नल जल योजना पूरी तरह से ठप है जिन गांव में नल जल योजना स्वीकृत हुई है वहां पर ठेकेदारों ने सरकार के अधिकारियों की मिलीभगत से लाखों रुपए के वारे न्यारे कर दिए हैं । जमकर भ्रष्टाचार किया जा रहा है । गुणवत्ता के नाम पर ठेंगा दिखाया जा रहा है।
ऐसा ही मामला एक मुरैना जिले की जनपद पंचायत पहाड़गढ़ के ग्राम गेतौली का है, जहां सरकार द्वारा स्वीकृत नल जल योजना के लिए नलकूप खनन कराया गया , जिसमें से आज तक एक बूंद पानी भी नहीं निकाला । इसके साथ ही नल कनेक्शन देने के लिए जो पाइप लाइन गांव की गलियों में बिछाई गई है अभी भी अधूरी है । साथ ही जितने लाइन बिछाई गई है वह आरसीसी की नाली में खुले में पड़ी – पड़ी सड़ रही है यहां तक की नल कनेक्शन ही नहीं है तो फिर नल से जल कैसे आएगा ।
सरकार ने ग्रामों में आंगनवाड़ी केंद्र पर स्कूलों पर टंकी रखवा कर पेयजल की व्यवस्था करने के दिशा निर्देश अधिकारियों को दिए हैं लेकिन ग्राम पंचायत गेतौली के आंगनवाड़ी केंद्र पर, प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालय पर आज दिनांक तक ना तो कोई टंकी रखी गई है ना ही पेयजल की कोई व्यवस्था रखी गई । इसके अलावा पूर्व में स्वीकृत नल जल योजना को लेकर अधिकारियों ने कोई गंभीरता नहीं दिखाई है । नतीजा नल जल योजना के लिए जो लाइन बिछाई गई उसके प्लास्टिक वाले पाइप फूट गए हैं तो वही लोहे के पाइप आरसीसी की बनी नाली में पड़े पड़े जंग से सड़ रहे हैं लेकिन इस दुर्दशा की सुध लेने वाला ना तो कोई जनप्रतिनिधि है और ना ही लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के आला अधिकारी । विभागीय अधिकारी अपने दफ्तरों में बैठकर ही कार्य की गुणवत्ता और कार्य की समय सीमा पर पूर्ण होने को लेकर खुद ही वाहवाही बटोर रहे हैं और अपनी पीठ थपथपा कर सरकार की नजरों में प्रशंसा के पात्र बन रहे हैं ।

Subscribe to my channel



